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यदि आपकी मान्यताओं व धारणाओं के विरुद्ध कोई हो, तब उसके विचार या व्यक्तित्व कितने ही अच्छे क्यों न हों, कितने ही कल्याणकारी क्यों न हों, आपको प्रभावित नहीं कर पाएंगे

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ये नेता तो अपने ही सम्प्रदायों के शोषितों पीड़ितों की कोई सहायता नहीं कर पाते तो राष्ट्र की चिंता भला कहाँ से कर पाएंगे ?

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Definition of Humanity

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किसी को लगता है कि उसका मजहब ही मानवता सिखाता है और बाकी सभी मजहब पशुता या दानवता सिखाते हैं | किन्तु परिभाषा किसी को नहीं पता |

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सनातनी होने का आनन्द तो अब आ रहा है जब देखता हूँ कि शाकाहारी समाज, माँसाहारी समाज, हिन्दू समाज, मुस्लिम समाज, संघी समाज, मुसंघी समाज, मोदीवादी समाज, अम्बेडकरवादी समाज, गोडसे उपासक, मोदी उपासक, अम्बेडकर उपासक, साकार उपासक, निराकार उपासक….है भगवान अनगिनत समाज हैं दुनिया में…

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संन्यासी का मुख्य कर्म होता है स्वयं को जागृत करना और उसके पश्चात समाज को जागृत करना | यदि सभी संन्यासी रामदेव या श्री श्री रविशंकर की तरह व्यवसायी बन जाएँ, या नौकरी करने लगें या खेती करने लगें, तो वे अपने मूल कर्म से…

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सबसे पहले तो यह स्पष्ट कर दूं कि सनातन धर्म का कोई समानान्तर धर्म नहीं है | अर्थात जो युनिवर्सल अर्थात सार्वभौमिक है, वह साम्प्रदायिकता पर आधारित धर्मों का समानांतर हो ही नहीं सकता

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नघालॉह डॉर ने ग्रामीण मार्केटिंग की एक ऐसी तकनीक ईजाद की है जहां लोगों को अपना सामान बेचने के लिए बिचौलिए की जरूरत नहीं है. दुकान पर सेल्समैन रखने या कहें कि खुद बैठने की जरूरत नहीं है और फायदा पूरा है. यहां जो समय बचता है उसे दुकान के मालिक खेतों में ही बिताना पसंद करते हैं.

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Definition of Society

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समाज का अर्थ है एक ऐसा परिवार जिसमें सभी एक दूसरे के प्रति प्रेम व करुणा का भाव रखते हैं, जहाँ सभी अपने से कमजोरों, असहायों की सहायता के लिए तत्पर रहते हैं

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कम से कम कोई एक ग्रन्थ तो ऐसा है भारत में जिसके दाह-संस्कार से दो परस्पर विरोधी एकमत होकर खुश होते हैं

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साधू-संन्यासियों का काम है उपदेश देना, वे अपना काम ही कर रहे हैं, लेकिन यदि बाकी भी उपदेश करने लग जाएँ, तो पतन निश्चित है |

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